
Dard Se Upja Sahitya
दर्द से उपजा साहित्य लेखक गुमान सिंह राजपुरोहित की संवेदनशील रचनाओं का संग्रह है, जिसमें जीवन के संघर्ष, पीड़ा, अनुभव और भावनाओं की गहराई को शब्दों में पिरोया गया है। यह कृति बताती है कि कैसे मनुष्य के भीतर उपजा दर्द सृजन की शक्ति बनकर साहित्य का रूप ले लेता है। पुस्तक की रचनाएँ पाठकों को आत्ममंथन के लिए प्रेरित करती हैं और जीवन के यथार्थ से परिचित कराती हैं। सरल भाषा और मार्मिक अभिव्यक्ति इसे विशेष बनाती है। यह पुस्तक उन पाठकों के लिए उपयुक्त है जो संवेदनाओं से जुड़ा साहित्य पढ़ना पसंद करते हैं।.
Product Details
- Format: Paperback
- Book Size:5.5 x 8.5
- Total Pages:120 pages
- Language:Hindi
- ISBN:978-9364315777
- Paper Type:Perfect
- Publication Date:February 27 ,2026
Product Description
दर्द से उपजा साहित्य लेखक गुमान सिंह राजपुरोहित की संवेदनशील रचनाओं का संग्रह है, जिसमें जीवन के संघर्ष, पीड़ा, अनुभव और भावनाओं की गहराई को शब्दों में पिरोया गया है। यह कृति बताती है कि कैसे मनुष्य के भीतर उपजा दर्द सृजन की शक्ति बनकर साहित्य का रूप ले लेता है। पुस्तक की रचनाएँ पाठकों को आत्ममंथन के लिए प्रेरित करती हैं और जीवन के यथार्थ से परिचित कराती हैं। सरल भाषा और मार्मिक अभिव्यक्ति इसे विशेष बनाती है। यह पुस्तक उन पाठकों के लिए उपयुक्त है जो संवेदनाओं से जुड़ा साहित्य पढ़ना पसंद करते हैं।.






